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​”प्यार का झूठा ख्वाब और 8 साल का नर्क…” एक मासूम के भरोसे का कत्ल कर दो शादियां रचाने वाला दरिंदा सलाखों के पीछे; धरमजयगढ़ पुलिस ने दिलाया न्याय

रायगढ़। प्यार, भरोसे और वादों का कत्ल कर एक मासूम जिंदगी को बरसों तक मानसिक और शारीरिक यंत्रणा देने वाले एक खौफनाक मामले का रायगढ़ पुलिस ने पर्दाफाश किया है। महिलाओं की सुरक्षा के लिए चलाए जा रहे ‘अभियान संवेदना’ के तहत धरमजयगढ़ पुलिस ने एक ऐसे आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसने एक युवती का तब से शारीरिक शोषण किया, जब वह महज एक नाबालिग थी। शादी के झूठे वादों के जाल में फंसाने वाला आरोपी पंकज गुप्ता अब सलाखों के पीछे है।

भरोसे के नाम पर सालों का धोखा

यह कहानी सिर्फ एक अपराध की कानूनी फाइल नहीं है, बल्कि एक बेटी के विश्वास के टूटने की दर्दनाक दास्तां है। पुलिस को दी गई शिकायत में 22 वर्षीय पीड़िता ने जो आपबीती सुनाई, वह रोंगटे खड़े करने वाली है। वर्ष 2018 में जब वह धरमजयगढ़ में अपने किराये के मकान में रहती थी, तब उसकी पहचान पंकज गुप्ता से हुई थी। उस वक्त वह नाबालिग थी। आरोपी ने उम्र के उस कच्चे पड़ाव में उसे प्रेम और विवाह का झूठा सपना दिखाया। 20 जून 2018 को घर में अकेला पाकर उसने पीड़िता की इच्छा के विरुद्ध दुष्कर्म किया। इसके बाद बदनामी का डर और शादी का पक्का वादा—यही वो हथियार थे जिनसे वह सालों तक उस युवती को छलता रहा।

दो शादियां की, फिर भी नहीं छोड़ा पीछा

आरोपी की चालाकी और निर्दयता यहीं नहीं रुकी। साल 2019 में उसने किसी और युवती से शादी कर ली, लेकिन इसके बावजूद वह पीड़िता को भावनात्मक रूप से ब्लैकमेल करता रहा। विरोध करने पर वह कभी खुदकुशी की धमकी देता, तो कभी झूठे केस में फंसाने का डर दिखाकर उसे खामोश करा देता।

​आगे की पढ़ाई के लिए पीड़िता जब रायगढ़ और फिर अंबिकापुर गई, तो यह शिकारी वहां भी उसके किराये के मकानों तक पहुंच गया। अपनी पत्नी के छोड़कर जाने की झूठी कहानी सुनाकर उसने फिर से पीड़िता को शादी का झांसा दिया। हद तो तब हो गई जब आरोपी ने दूसरी शादी भी रचा ली, लेकिन फिर भी वह पीड़िता का शोषण करता रहा।

न्याय की गुहार और पुलिस की कार्रवाई

लगातार झूठ, शारीरिक शोषण और अंततः शादी से साफ इंकार करने पर टूट चुकी पीड़िता ने न्याय के लिए पुलिस का दरवाजा खटखटाया। सरगुजा के गांधीनगर थाने में 3 जुलाई 2026 को दर्ज हुई शून्य (Zero) एफआईआर की डायरी जब धरमजयगढ़ थाने पहुंची, तो पुलिस ने बिना वक्त गंवाए कार्रवाई की।

​वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में पुलिस ने पर्याप्त साक्ष्य जुटाए और आरोपी पंकज गुप्ता (पिता स्वर्गीय सुरेश गुप्ता, उम्र 30 वर्ष, निवासी गोधनपुर, अंबिकापुर) के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 64(2)(m) और पॉक्सो एक्ट की धारा 4 व 6 के तहत अपराध दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। न्यायालय में पेश करने के बाद उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।

​इस संवेदनशील मामले को सुलझाने में धरमजयगढ़ थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े, सहायक उप निरीक्षक मंजु मिश्रा, प्रधान आरक्षक प्रकाश गिरी और उनकी टीम की अहम भूमिका रही।