रायपुर। छत्तीसगढ़ मंत्रिपरिषद ने बुधवार को आबकारी नीति 2026-27 को मंजूरी दे दी। देशी-विदेशी शराब के दाम घटाने के लिए प्लास्टिक बोतलों का सहारा लिया जाएगा। पौवा-हाफ में प्लास्टिक पैकिंग से 100-150 रुपये तक की कटौती संभव। मिनियेचर पैक और रायपुर एयरपोर्ट पर बार भी होंगे।
आबकारी विभाग को कैबिनेट ने फ्री हैंड दिया है। पड़ोसी राज्यों से मुकाबला करने के लिए ये कदम उठाए जा रहे हैं। मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में पहले से प्लास्टिक बोतलों का चलन है, जहां निचले ब्रांड सस्ते मिलते हैं।
प्लास्टिक बोतलों के फायदे:
- हल्का वजन: कांच से कम वजन, परिवहन में ईंधन बचत और लॉजिस्टिक्स कॉस्ट घटेगी।
- अटूट: टूटने का डर नहीं, शिपिंग-हैंडलिंग में नुकसान कम।
- सस्ती पैकिंग: उत्पादन लागत कम, जीएसटी के साथ कुल रेट डाउन।
- सुविधाजनक: पिकनिक, ट्रैकिंग या यात्रा में आसान।
- पर्यावरण अनुकूल: PET प्लास्टिक 100% रिसाइकिलेबल, कार्बन फुटप्रिंट कम।
सावधानी: लंबे भंडारण के लिए कांच बेहतर, क्योंकि प्लास्टिक स्वाद को कम समय तक सुरक्षित रखता है।
मिनियेचर पैक की सुविधा: जेब में रखने लायक ‘दो पैग’ वाली छोटी डिब्बी। ट्रैवलरों के लिए उपयोगी—फ्लाइट में भी कैरी आसान।
एयरपोर्ट पर बार: रायपुर एयरपोर्ट पर जगह तलाशी जा रही। कैबिनेट मंजूरी के बाद काम तेज।ये बदलाव शराब प्रेमियों को सस्ता और सुविधाजनक विकल्प देंगे, लेकिन जिम्मेदारीपूर्ण पीने पर जोर।



