रायपुर/रायगढ़। छत्तीसगढ़ के सभी हिस्सों में दक्षिण-पश्चिम मानसून पूरी तरह सक्रिय हो चुका है। आषाढ़ का महीना शुरू होते ही पूरे प्रदेश सहित रायगढ़ और आसपास के इलाकों में बारिश का सिलसिला जारी है। बंगाल की खाड़ी में बने एक नए वेदर सिस्टम के कारण मौसम विभाग ने अगले 5 दिनों तक प्रदेश भर में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
रायगढ़ और मध्य संभाग में अगले 48 घंटे बेहद अहम
मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने लो प्रेशर जोन का सीधा असर रायगढ़ और मध्य छत्तीसगढ़ के जिलों पर देखने को मिलेगा। अगले दो दिनों तक मध्य और दक्षिण संभाग में गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश की संभावना जताई गई है। भारी बारिश के साथ-साथ कुछ स्थानों पर अंधड़ (तेज हवाएं) चलने और वज्रपात (आकाशीय बिजली गिरने) की भी आशंका है, जिसे देखते हुए प्रशासन ने अलर्ट रहने को कहा है।
क्यों हो रही है इतनी भारी बारिश? जानिए वैज्ञानिक कारण
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, इस समय एक साथ तीन मजबूत मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं:
- निम्न दाब का क्षेत्र (Low Pressure Zone): उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उससे लगे उत्तर ओडिशा-पश्चिम बंगाल तट के ऊपर एक मजबूत निम्न दाब का क्षेत्र बना हुआ है। इसके अगले 2 से 3 दिनों में और अधिक शक्तिशाली होने की संभावना है।
- सीजनल द्रोणिका (Monsoon Trough): यह द्रोणिका उत्तर-पश्चिम राजस्थान से लेकर उत्तर छत्तीसगढ़ होते हुए बंगाल की खाड़ी तक फैली हुई है।
- विंडशियर जोन: 21 डिग्री उत्तर में एक विंडशियर जोन भी सक्रिय है, जो बादलों को और ज्यादा घना बना रहा है।



